रिहैब से घर जाने के बाद समाज और कामकाज के बीच फिर से नशे की ओर न लौटने की विशेष मनोवैज्ञानिक सुरक्षा।
नशा मुक्ति का असली इम्तिहान रिहैब सेंटर से बाहर निकलने के बाद शुरू होता है जब व्यक्ति पुराने दोस्तों या तनाव का सामना करता है। बिना आफ्टरकेयर सपोर्ट के दोबारा नशा शुरू होने (Relapse) का जोखिम रहता है।
उजाला नशा मुक्ति केंद्र अपने हर पूर्व मरीज को 1 वर्ष तक नियमित टेली-काउंसलिंग, ग्रुप मीटिंग्स, इमरजेंसी हेल्पलाइन और परिवार के साथ फॉलो-अप की सुविधा निःशुल्क/न्यूनतम शुल्क पर उपलब्ध कराता है।